
रणनीति समय के सदुपयोग को प्रभावी बना देती है। UPSC की तैयारी के क्रम में कम समय में विस्तृत पाठ्यक्रम का अध्ययन करना होता है एवं परीक्षा के चरणों की प्रकृति में भी वैविध्य है, जिसकी तैयारी एक संतुलित दृष्टिकोण एवं उचित रणनीति से संभव है। छः माह में सम्पूर्ण तैयारी को अध्ययन की परिधि में लाना कठिन है, लेकिन असंभव नहीं। संस्कृति IAS Coaching सेंटर दिल्ली के मुख़र्जी नगर का एक जाना माना UPSC कोचिंग सेंटर है जो छात्रों को हिंदी माध्यम में USPC की परीक्षा पार करने के लिए तैयार करता है। हमारे पत्रकारों ने संस्कृति IAS के अखिल मूर्ति सर से बातचीत करने पता लगाया है की ऐसे क्या टिप्स छात्रों को अपनाने चाहिए जिससे की वे छह महीने में UPSC पार कर जाएं।

संस्कृति IAS Coaching के अनुसार छः माह में UPSC क्रैक करने के उपाय
संस्कृति IAS के अनुसार सिविल सेवा परीक्षा में कुल तीन चरण होते हैं, जिसमें कुल 11 प्रश्नपत्र (2 प्रीलिम्स एवं 9 मुख्य परीक्षा में) एवं अंत में साक्षात्कार होता है। पहले चरण में बहुविकल्पीय प्रश्नों के माध्यम से निर्णयन क्षमता, दूसरे चरण में लिखित परीक्षा के जरिए विश्लेषण क्षमता एवं तीसरे चरण (साक्षात्कार) में व्यावहारिक पक्ष की जाँच होती है। प्रत्येक चरण को ध्यान में रखकर रणनीति बनानी होती है।
छः माह में UPSC क्रैक करने की रणनीति:
• सम्पूर्ण तैयारी में संतुलन की आवश्यकता है। अध्ययन की रणनीति में आरम्भ से ही तीनों चरणों को वरीयता दें।
• इस कम समय में चयनित अध्ययन करना है। इसलिए अध्ययन की दिशा पाठ्यक्रम से तय करें।
• छः माह को विषयों के अध्ययन के लिए प्रतिदिन, सप्ताह, अर्धमाह , माह में बाँट लें एवं लक्ष्य तय करें। जैसे- प्रतिदिन भारतीय राजव्यवस्था के दो अध्याय पढ़ने हैं और अभ्यास प्रश्नों सहित 15 दिनों भारतीय राजव्यवस्था को सम्पूर्ण करना है।
• यदि आप हर विषय को 12 से 15 दिन देते हैं। निश्चित ही समय समाप्ति तक सभी खण्डों का अध्ययन कर लेंगे।
• दैनिक दिनचर्या में अध्ययन का समय तय कर लें। 8 से 10 घंटे पढ़ाई पर दें, जो गुणवत्तापूर्ण हों।
• निर्धारित दैनिक लक्ष्य को उसी दिन पूरा करने का प्रयास करें, अन्यथा अगले दिन अवश्य कर लें। यदि टारगेट पूरा करने में प्रतिदिन समय कम पड़ता है, तो अध्ययन के घंटे बढ़ा सकते हैं।
• सामान्य अध्ययन का समेकित अध्ययन करें यानी प्रीलिम्स एवं मुख्य परीक्षा दोनों को एक साथ लेकर चलें।
• यदि आप अध्ययन में प्रतिदिन 10 घंटे दे रहे हैं, इसमें से कम से कम 2 से 3 घंटे वैकल्पिक विषय को दें।
• परीक्षा के लगभग 12 से 18 माह पहले तक का कर्रेंट अफेयर अवश्य पढ़ लें।
• यदि प्रारंभिक परीक्षा के अंतिम के महीनों में कक्षाओं की आवश्यकता महसूस हो रही है, तो Sanskriti IAS द्वारा संचालित क्रैश कोर्स ज्वाइन कर सकते हैं।
• प्रारंभिक परीक्षा की तिथि के एक माह पहले का समय दोहराने के लिए रखें।
• प्रारंभिक परीक्षा उत्तीर्ण कर लेने के बाद मुख्य परीक्षा केन्द्रित हो जाएँ एवं ज्यादा से ज्यादा उत्तर लेखन अभ्यास करें।
• मुख्य परीक्षा लिखने तक आपके ज्ञान में पर्याप्त वृद्धि हो चुकी होगी। अब ज्ञान के साथ व्यावहारिक एवं अभिव्यक्ति पक्ष पर काम करें।
रणनीति के तहत समय प्रबंधन आपके अध्ययन को कम समय में सम्पूर्णता प्रदान करेगा। यदि आप नियमित एवं अनुशासित होकर अध्ययन करते हैं तो निश्चित ही छः माह में अपनी तैयारी को सम्पूर्ण कर लेंगे।